गोपालगंज: मांझा में 7वे दिन स्वास्थ्य कर्मियों का हड़ताल सिविल सर्जन के आश्वासन पर हुआ समाप्त

गोपालगंज के मांझा पीएचसी में पिछले एक सप्ताह से चल रहे स्वास्थ्य कर्मियों का हड़ताल सिविल सर्जन डॉक्टर टी एन सिंह के कारवाई करने के आश्वासन पर हड़ताल समाप्त कर काम पर वापस हो गए।

बताया जा रहा है कि मांझागढ़ थाना क्षेत्र शेख परसा गांव के ध्रुप भगत की पत्नी चन्दा देवी 6 सितम्बर की सुबह खाने बनाने के लिए झोपड़ी में रखे जलावन निकालने के क्रम में जहरीले सर्प डँस लिया। महिला को इलाज हेतु मांझा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। जहाँ प्राथमिक उपचार कर बेहतर इलाज हेतु सदर अस्पताल गोपालगंज रेफर कर दिया गया। सदर अस्पताल से भी चिंता जनक स्थित को देखते हुए गोरखपुर रेफर कर दिया गया। गोरखपुर ले जाते समय रास्ते में ही महिला की मौत हो गयी। जिससे आक्रोशित ग्रामीणों ने 7 सितम्बर की सुबह स्वास्थ्य केंद्र के बरामदे में शव को रख इमरजेंसी रुम के दरवाजे को तोड़ इमरजेंसी डियूटी में तैनात डॉक्टर परमानन्द चौधरी और फेमली प्लानिंग के वर्कर रामचन्द्र प्रसाद को डंडे और लोहे के रड से मार पीट कर जख्मी करने के मामले में 13 नामजद और 50 अज्ञात के विरुद्ध मांझागढ़ थाना में डॉक्टर परमानन्द चौधरी ने प्राथमिकी दर्ज कराया। जिसमे अभियुक्तो को पुलिस के द्वारा गिरफ्तार नही करने पर स्वास्थ्य कर्मी और डॉक्टर हड़ताल पर जाने के साथ एक सप्ताह से धरना प्रदर्शन कर रहे थे। हड़ताल पर रहने के कारण एक सप्ताह से स्वास्थ्य सेवा बाधित हो गया था। मरीज प्रतिदिन परेशान थे। हड़ताल तोड़वाने की पहल करते हुए सोमवार को मांझा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में सिविल सर्जन डॉक्टर टी एन सिंह ने पहुच कर अभियुक्तों को जल्द गिरफ्तार कराने का आश्वासन स्वास्थ्य कर्मियों और डॉक्टरों को देने बाद स्वास्थ्य कर्मी और डॉक्टर हड़ताल तोड़कर काम पर वापस हो गए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected By Awaaz Times !!