गोपालगंज में सिक्को से नही मिलता पेट्रोल व डीजल, भारतीय मुद्रा का बन रहा मजाक

गाड़ी में डीजल या पेट्रोल लेने केलिय भारतीय मुद्रा का होना भारत में जरुरी होता है हाँ इनके रूप रंग और लेन-देन का तरीका भिन्न हो सकता है लेकिन बिहार के गोपालगंज में बात सिर्फ इतने से ही नहीं बनती यहाँ के लगभग पेट्रोल पम्प पर आपको भारतीय मुद्रा पम्प मालिक की मर्जी का ही देना होगा ये है बिहार के गोपालगंज का अनोखा पेट्रोल पंम्प अनोखा इसलिये क्युकि यहाँ भारत सरकार के नियम नहीं पम्प मालिकों का तुगलकी फरमान चलता है यहाँ दो से ज्यादह सिक्के नहीं लिये जाते अब अहम सवाल ये है कि जिसके जेब सिक्कों से ही भरें हो और गाड़ी की टंकी ख़ाली हो वो भला इन हालातों मे क्या करेगा पेट्रोल पम्प पर आने वाले ज्यादातर ग्राहक पम्प के इस रवैये से बेहद नाखुश है .

भारती कायदे कानून के तहत भारतीय मुद्रा को अस्वीकार करना अपराध है और बिहार के गोलालगंज में ये अपराध डंके की चोट पर सड़ेआम किया जा रहा है पेट्रोल पम्प कर्मचारियों द्वारा सिक्के नहीं लेने का जिम्मेवार बेंको को ठहराया जा रहा है जबकि पम्प के कर्मचारी का कहना है कि बैंक में एक हजार का सिक्का देने पर एक सौ रुपया चार्ज के रूप में काट लिया जाता है इसी लिए ग्राहकों से दो से ज्यादह सिक्का नही लिया जा रहा है ।

सिक्कों को नही लेने की जिम्मेदारी बैंक को ठहरा रहे पेट्रोल पम्प कर्मचारी लेकिन उसे उस आम आदमी के परेशानी से कोई मतलब नहीं है जिसके सिक्कों के बदले उसे अगर पेट्रोल नहीं दिया गया तो वह अपने गंतब्य तक कैसे पहुचेगा सवाल ये भी है कि जिला प्रशासन के नाक के नीचे हो रहा यह अपराध आखिर कब तक चलता रहेगा…।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected By Awaaz Times !!